
विशेष संवाददाता शैलेन्द्र यादव।
सीतापुर। कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को जिलाधिकारी डॉ. राजागणपति आर. की अध्यक्षता में बैंकर्स की जनपद स्तरीय सलाहकार समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में केंद्र एवं प्रदेश सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने सभी बैंकों और संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पहुंचाया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक में जिलाधिकारी ने बैंकों को लक्ष्य के अनुरूप ऋण जमा अनुपात बनाए रखने के निर्देश दिए। खराब प्रगति वाले बैंकों को सुधार के लिए चेतावनी दी गई। उन्होंने सीएम युवा उद्यमी योजना, पीएम स्वनिधि योजना और एनआरएलएम जैसी प्राथमिकता वाली योजनाओं में पात्र लाभार्थियों को अधिक से अधिक लाभान्वित करने पर जोर दिया।
जिलाधिकारी ने अस्वीकृत आवेदनों की पुनः समीक्षा करने के निर्देश दिए और कहा कि बिना ठोस कारण के कोई भी आवेदन निरस्त न किया जाए। साथ ही लंबित आवेदनों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने सभी विभागों से कहा कि निरस्त आवेदनों को दोबारा बैंकों को भेजा जाए।
मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने बैंकों द्वारा ऋण स्वीकृति और वितरण की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की। धीमी प्रगति वाले बैंकों को कड़े निर्देश देते हुए कहा गया कि 30 मार्च को विशेष अभियान चलाकर स्वीकृत ऋणों का वितरण सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि यह योजना शासन की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है, इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के लंबित आवेदनों को शीघ्र निपटाने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में लीड बैंक मैनेजर मनोज कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी और विभिन्न बैंकों के जिला समन्वयक उपस्थित रहे।



