
सब तक एक्सप्रेस – प्रयागराज
संवाददाता
प्रयागराज। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और मध्य प्रदेश/छत्तीसगढ़ के पूर्व राज्यपाल स्वर्गीय राम नरेश यादव की 10वीं पुण्यतिथि पर रविवार को स्वर्गीय राम नरेश स्मारक सेवा संस्थान द्वारा श्रद्धांजलि गोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम में वक्ताओं ने उनके सरल जीवन, उच्च विचार और गरीबों-पीड़ितों के प्रति उनकी अटूट संवेदनशीलता को याद किया।
स्मारक संस्थान के अध्यक्ष प्रभाकर सिन्हा ने कहा कि राम नरेश यादव ने अपने राजनीतिक जीवन में सदैव सामाजिक न्याय की लड़ाई लड़ी और गरीबों-असहायों की आवाज बने। संस्थान के महामंत्री हीरा लाल यादव ने उन्हें “व्यक्ति नहीं, एक व्यक्तित्व” बताते हुए कहा कि बाबू जी डॉ. राम मनोहर लोहिया के समाजवादी विचारों के प्रबल समर्थक थे। सर्वोच्च पदों पर पहुँचने के बाद भी वे हमेशा आम लोगों के लिए सहज उपलब्ध रहे।
कांग्रेस सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष अंकित सिंह यादव ने उन्हें कर्मयोगी और जनप्रिय नेता बताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के रूप में उनकी कार्यशैली ने प्रदेश ही नहीं, देशभर में प्रभाव छोड़ा। उन्होंने कहा कि बाबू जी की सच्चाई, ईमानदारी और जनता के प्रति समर्पण ने उन्हें हर वर्ग की श्रद्धा का पात्र बनाया।
अधिवक्ता कुंवर शेखर सक्सेना ने कहा कि राम नरेश यादव सादगी और नैतिकता के प्रतीक रहे। अधिवक्ता, शिक्षक और नेता के रूप में उन्होंने हर दायित्व का बेदाग निर्वहन किया।
गोष्ठी के बाद श्री वृंदा प्रसाद हिंदू महिला बाल आश्रम में अनाथ बच्चों को भोजन एवं फल वितरित किए गए।
कार्यक्रम में राजेश कुमार, गया प्रसाद केसरवानी, पीयूष शुक्ला, आशीष चौधरी, नरेश तनेजा, अनुज यादव, सुनील यादव, रवि प्रकाश, रामजीत सिंह, नीलू अग्रवाल, सरिता यादव सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।



