
सब तक एक्सप्रेस | ब्यूरो रिपोर्ट: सतीश पाण्डेय:
जनपद में धान खरीद में हो रही गंभीर समस्याओं को लेकर किसान नौजवान संघर्ष मोर्चा ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। मोर्चा के संयोजक के नेतृत्व में कार्यकर्ता विपणन कार्यालय पहुंचे, जहां धान खरीद के लिए बनाई गई सरकारी क्रय नीति को जलाकर अपना आक्रोश प्रकट किया।
इस दौरान मोर्चा संयोजक संदीप मिश्रा ने कहा कि वर्तमान सरकार पूरी तरह से अन्नदाताओं के प्रति संवेदनहीन हो चुकी है। जनपद के सभी जनप्रतिनिधि किसानों के मुद्दों पर मूकबधिर और दृष्टिबाधित बने हुए हैं। कड़ाके की शीतलहर में किसान अपनी उपज लेकर क्रय केंद्रों पर दर-दर भटकने को मजबूर हैं और वहां उनका खुला उत्पीड़न हो रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि मंचों से किसानों के कल्याण की बड़ी-बड़ी बातें करने वाले राजनीतिक लोग जमीनी हकीकत से पूरी तरह कटे हुए हैं। ऐसे लोगों में यह सोचने की भी शर्म नहीं बची कि देश की अर्थव्यवस्था अन्नदाताओं के बल पर ही चलती है। किसानों को राहत देने के बजाय योजनाबद्ध तरीके से उन्हें परेशान किया जा रहा है।
मोर्चा संयोजक ने कहा कि कोरोना जैसी वैश्विक महामारी के समय इन्हीं किसानों ने देश को संभाले रखा, लेकिन आज जब किसान अत्याचार का शिकार हो रहे हैं तो सत्ता में बैठे लोगों को सांप सूंघ गया है। आरोप लगाया गया कि स्थानीय जनप्रतिनिधि चावल मिलरों से सांठगांठ कर किसानों का शोषण करवा रहे हैं।
उन्होंने चेतावनी दी कि किसान नौजवान संघर्ष मोर्चा किसानों के हितों की लड़ाई लगातार लड़ता रहेगा और इस शोषण के खिलाफ आंदोलन और तेज किया जाएगा।
प्रदर्शन में गुड्डू पटेल, सर्वेश तिवारी, अतुल चौबे, आकाश चौहान, सत्रुधन बिंद, विजय चौहान, नागेंद्र मौर्य, दिनेश चेरो, आकाश, विनोद, अमन, प्रफुल्ल, बालगोविंद, पिंटू सिंह सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।



