रुबियो ने कहा अमेरिका ने ईरान पर नए हमलों पर निर्णय नहीं लिया

अटलांटा में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान पर नए हमलों के बारे में कोई निर्णय नहीं लिया है।
अमेरिका का ईरान पर नए सैन्य हमलों पर निर्णय अभी बचा
31 अक्टूबर को अटलांटा में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने बताया कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान के खिलाफ ताजा सैन्य कार्यवाई को लेकर अभी तक कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया है। यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति के उस दृष्टिकोण के बीच आया है जिसमें वे मध्यावधि चुनावों के बाद संभावित हमलों पर विचार कर रहे हैं।
रुबियो ने कहा कि अगर सैन्य उद्देश्यों को प्राप्त करना संभव होगा तो उसे हासिल किया जा सकता है। वहीं, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह कदम हल्के में नहीं लिया जाएगा। अटलांटा में G20 विदेश मंत्रियों की बैठक के दौरान उन्होंने यह बात कही।
ईरान के साथ तनाव और कूटनीतिक प्रयास
ईरान की विदेश मंत्री ने अमेरिका के साथ वार्ता करने का कोई इरादा नहीं जताया है। इसके विपरीत, ईरान के सर्वोच्च नेता अली खमेनई ने अमेरिका और इजरायल को चेतावनी दी है कि किसी भी तरह के हमले का जवाब तुरंत और बड़े पैमाने पर दिया जाएगा। उन्होंने परमाणु और सैन्य कमांडरों को निर्देश दिया है कि किसी भी खतरे का सामना क्षेत्रीय रूप से बिना सीमित किए जवाब दिया जाए।
रुबियो ने हालांकि ट्रम्प की कूटनीतिक समाधान के लिए रुचि को भी सामने रखा। उन्होंने कहा कि अगर वार्ता से समाधान निकलता है तो वे उसके लिए खुले हैं, लेकिन उन्होंने वार्ता के लिए किसी समयसीमा का उल्लेख नहीं किया।
इसी बीच ईरान के साथ बढ़ते तनाव के कारण क्षेत्रीय सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जे.डी. वैन्स ने भी इस विषय पर कूटनीतिक प्रयास तेज कर दिए हैं ताकि हिंसा की वापसी को रोका जा सके।
हाल के दिनों में ईरानी नौसेना द्वारा वाणिज्यिक जहाजों को निशाना बनाने की खबरें आई थीं। रुबियो ने इस पर कड़ी निंदा करते हुए ईरान को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि ऐसे हमले न केवल क्षेत्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय समुद्री यातायात के लिए भी खतरा हैं।
यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काजा कालास ने भी स्थिति में शांति बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सभी देशों को कूटनीतिक समाधान तलाशना होगा क्योंकि तनाव बढ़ने से किसी को लाभ नहीं होगा।
इन घटनाओं के बीच, राजनीतिक माहौल संभावित सैन्य कार्रवाइयों और कूटनीति के बीच संतुलन बनाए रखने का है। ट्रम्प प्रशासन की अगली रणनीति का निर्णय मध्यावधि चुनावों के बाद सामने आने की संभावना है।




