मदरसा प्रणाली में सुधार की मांग को लेकर राष्ट्रपति को ज्ञापन देगा संगठन — चंद्रशेखर पांड़े

सब तक एक्सप्रेस, वरिष्ठ संवाददाता राम अनुज धर द्विवेदी
सोनभद्र/लखनऊ।
हिंदू संघर्ष समिति की उत्तर प्रदेश इकाई ने हिमाचल प्रदेश के शिमला स्थित संजौली मस्जिद प्रकरण और आंदोलनकारियों पर दर्ज मुकदमों को लेकर आज कड़ा प्रतिरोध जताते हुए कहा है कि संगठन शीघ्र ही इस मामले में राष्ट्रव्यापी आंदोलन शुरू करेगा। समिति ने राष्ट्रपति को ज्ञापन देकर मदरसों के सामान्य विद्यालयों में परिवर्तन की मांग उठाने का भी निर्णय लिया है।
संजौली मस्जिद प्रकरण पर कार्रवाई न होने पर नाराज़गी
समिति के प्रदेश अध्यक्ष चंद्रशेखर पांडे ने बयान जारी कर कहा कि शिमला नगर निगम और अदालत द्वारा संजौली मस्जिद को अवैध घोषित किए जाने के बावजूद इसे अभी तक नहीं हटाया गया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि हिमाचल की कांग्रेस सरकार न्यायालय के आदेश और स्थानीय लोगों की भावनाओं की अवहेलना कर रही है, और आंदोलन कर रहे हिंदू संगठनों पर फर्जी मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं।
हिन्दू संगठनों ने जताई नाराजगी, कहा—“दमन का प्रयास अस्वीकार्य”
पांडे ने कहा कि यह मामला हिमाचल ही नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के हिंदू समाज को भी आहत कर रहा है।
उन्होंने कहा कि—
“संगठन के कार्यकर्ता न्यायालय के आदेश के पालन और अवैध संरचना हटाने की मांग कर रहे थे, लेकिन इसके विपरीत उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। यह दमनकारी कदम न्याय प्रक्रिया के विपरीत है।”
महत्वपूर्ण मुद्दों पर सीएम योगी से की सहायता की अपील
हिंदू संघर्ष समिति ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से
- आंदोलनकारियों को सद्भावनात्मक, विधिक और आर्थिक सहायता
- तथा पूरे प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए न्याय दिलाने में सहयोग
की मांग की है।
मदरसों पर प्रतिबंध और सामान्य विद्यालय में परिवर्तन की मांग
चंद्रशेखर पांडे ने आगे कहा कि देशभर में अवैध घुसपैठ, धार्मिक स्थलों के अनियमित निर्माण और अतिवादी गतिविधियों को लेकर चिंता बढ़ रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि—
“कई मदरसे आतंकवाद, अतिवाद, जिहादी मानसिकता और राष्ट्रविरोधी विचारों के प्रचार का माध्यम बन रहे हैं। ऐसे में मदरसा बोर्ड को भंग कर सभी मदरसों को सामान्य विद्यालय में परिवर्तित किया जाना चाहिए।”
उन्होंने बताया कि समिति जल्द ही भारत के राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपेगी, जिसमें मदरसों की संरचना में व्यापक सुधार की मांग प्रमुख रूप से शामिल होगी।
देशभर में संभावित अभियान की तैयारी
समिति ने स्पष्ट किया है कि वह जल्द ही अवैध धार्मिक संरचनाओं और अनियमित गतिविधियों को चिन्हित कर, उन्हें हटाने की मांग को लेकर देशव्यापी आंदोलन शुरू करेगी।



