लखनऊ: नागरिक सुरक्षा कोर की प्रशिक्षण कार्यशाला शुरू, मुख्य अतिथि धर्मबीर प्रजापति और DGP ध्रुव कांत ठाकुर हुए शामिल

सब तक एक्सप्रेस, लखनऊ।
लखनऊ। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के मून हाल में नागरिक सुरक्षा कोर द्वारा भारत सरकार प्रायोजित वार्डन क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि स्वतंत्र प्रभार मंत्री (होमगार्ड एवं सिविल डिफेंस) धर्मबीर प्रजापति रहे, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में पुलिस महानिदेशक, सिविल डिफेंस ध्रुव कांत ठाकुर (IPS) मौजूद रहे।
मुख्य अतिथियों का स्वागत चीफ़ वार्डन अमरनाथ मिश्र के नेतृत्व में डिवीजनल वार्डन सुनील तिवारी और राजेश सिंह चौहान द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर देकर किया गया। इसके बाद दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत की गई।
✦ सिविल डिफेंस की उपलब्धियों का किया गया प्रदर्शन
स्वागत समारोह में चीफ़ वार्डन अमरनाथ मिश्र ने सिविल डिफेंस की स्थापना (6 दिसम्बर 1962) से लेकर अब तक के कार्यों का विस्तार से उल्लेख किया। उन्होंने लखनऊ सिविल डिफेंस द्वारा किए गए प्रमुख कार्यों, ऑपरेशन सिंदूर के दौरान की गई मॉक ड्रिल और RWA में दी गई प्रशिक्षण गतिविधियों की जानकारी दी। कार्यक्रम में लखनऊ सिविल डिफेंस की गतिविधियों पर आधारित एक संक्षिप्त चलचित्र भी प्रस्तुत किया गया।
✦ “नागरिक सुरक्षा एक निस्वार्थ संगठन”—DGP ध्रुव कांत ठाकुर
DGP ध्रुव कांत ठाकुर ने स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए कहा कि नागरिक सुरक्षा एक निस्वार्थ संगठन है जो सामाजिक, धार्मिक और आपदा के समय महत्वपूर्ण सेवाएं प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार द्वारा आयोजित यह प्रशिक्षण वार्डन्स की क्षमता बढ़ाने और विपरीत परिस्थितियों में बेहतर कार्य करने में मददगार साबित होगा।
✦ “परहित धर्म ही नागरिक सुरक्षा का मूल”—कैबिनेट मंत्री धर्मबीर प्रजापति
मुख्य अतिथि धर्मबीर प्रजापति ने अपने संबोधन में परहित धर्म तथा सर्वभूते हिते रतः जैसे सनातन सिद्धांतों का उल्लेख करते हुए कहा कि नागरिक सुरक्षा का मूल उद्देश्य लोगों की सेवा और सुरक्षा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच दीर्घकालिक है, और इसी के चलते यह प्रशिक्षण जन-जन तक सुरक्षा के तरीके पहुंचाने का बड़ा प्रयास है।
उन्होंने स्वयंसेवकों को प्रेरित करते हुए कहा कि यदि हर वार्डन कम से कम चार लोगों को भी प्रशिक्षित कर दे, तो समाज में सुरक्षा जागरूकता की ये श्रृंखला बहुत दूर तक जाएगी। मंत्री ने सिविल डिफेंस वार्डनों को “देश की निस्वार्थ सेवा करने वाले जांबाज सिपाही” बताया।
✦ सात दिन चलेगा प्रशिक्षण, पहले बैच में 90 वार्डन शामिल
कार्यक्रम के अंत में सुमित मौर्या द्वारा धन्यवाद ज्ञापन दिया गया।
पहले दिन 90 वार्डनों का बैच प्रशिक्षण में शामिल हुआ। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम कुल 7 दिन तक चलेगा।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से उपस्थित
अमरनाथ मिश्र (चीफ वार्डन), ऋतुराज रस्तोगी, सुनील शुक्ला, हरीश कुमार, नफीस अहमद, डॉ. माथुर, सुनील यादव, रमेश चौहान, मुशीर, रामगोपाल, राजेंद्र श्रीवास्तव, ऐश्वर्य, इमरान, मनोज वर्मा, ऋषि कुमार, मुकेश कुमार, ममता रानी, रेखा सहित कई अधिकारी एवं स्वयंसेवक मौजूद रहे।



