ट्रम्प ने नई संघीय AI कार्यबल के नेतृत्व के लिए राष्ट्रीय खुफिया निदेशक जय क्लेटन को नियुक्त किया

संयुक्त राज्य अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने रविवार, 4 अक्टूबर 2026 को राष्ट्रीय खुफिया निदेशक जय क्लेटन को एक नई सरकारी कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) कार्यबल के नेतृत्व के लिए नियुक्त किया। इस समूह को ट्रम्प ने “सुपर इंटेलिजेंस फोर्स” नाम दिया है, जिसका उद्देश्य अमेरिका को AI क्षेत्र में सबसे आगे बनाए रखना है।
सुपर इंटेलिजेंस फोर्स का उद्देश्य और भूमिका
ट्रम्प ने इसे “सुपर इंटेलिजेंस” के रूप में पुनःपरिभाषित करने की कोशिश की है, जो उन्होंने कहा कि औद्योगिक क्रांति और इंटरनेट से भी बड़ा कदम है। इस कार्यबल का मुख्य काम AI के विकास को नियंत्रित करना और अमेरिकी नागरिकों के हितों की सुरक्षा करना होगा। ट्रम्प के सोशल मीडिया पोस्ट के अनुसार, यह पहल अमेरिकियों के जीवन को बेहतर बनाने के साथ-साथ देश को वैश्विक नेतृत्व में बनाए रखने के लिए है।
यह नई टास्क फोर्स उपभोक्ताओं, सार्वजनिक हित समूहों, धार्मिक संगठनों, महत्वपूर्ण अवसंरचना प्रदाताओं और AI कंपनियों से संपर्क करेगी। ट्रम्प ने इसे एक व्यापक और समन्वित प्रयास बताया है ताकि AI क्षेत्र में अमेरिका की अगुवाई बनी रहे।
कार्यबल के सदस्य और रिपोर्टिंग संरचना
इस कार्यबल में अन्य प्रमुख सदस्य भी शामिल हैं, जिनमें फेडरल ट्रेड कमीशन के अध्यक्ष एंड्रयू फर्ग्यूसन, पेंटागन के मुख्य तकनीकी अधिकारी एमिल माइकल, और ऑफिस ऑफ पर्सनल मैनेजमेंट के निदेशक स्कॉट कूपर शामिल हैं। यह समूह सीधे ट्रम्प और उनकी मुख्य स्टाफ सदस्य सुसाई वाइल्स को रिपोर्ट करेगा।
ट्रम्प की इस पहल के पीछे की रणनीति AI तकनीक को बेहतर तरीके से नियंत्रित करना है ताकि संभावित खतरों से बचा जा सके और तकनीकी विकास को सुरक्षित बनाया जा सके। कार्यबल का उद्देश्य अमेरिका को इस तकनीक के क्षेत्र में वैश्विक अग्रणी बनाए रखना है।
पिछले सप्ताह, ट्रम्प ने व्हाइट हाउस में AI कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों के साथ बैठक की थी, जिनके साथ एक स्वैच्छिक संधि पर हस्ताक्षर भी हुए थे, जो AI के विकास और निगरानी में कंपनियों की जिम्मेदारी तय करती है। यह समझौता इस नई कार्यबल के गठन के लिए एक आधार भी माना जा रहा है।
कार्यबल द्वारा AI और सुपर इंटेलिजेंस के क्षेत्र में क्रियान्वयन की गई नीतियां भविष्य में अमेरिकी समाज, अर्थव्यवस्था और सुरक्षा पर व्यापक प्रभाव डाल सकती हैं। इस पहल से विशेषज्ञों को उम्मीद है कि AI के व्यावसायिक और सामाजिक पहलुओं की बेहतर निगरानी हो सकेगी।
ट्रम्प प्रशासन की यह नई योजना AI के विकास के साथ उत्पन्न नए जोखिमों से निपटने और तकनीकी प्रतिस्पर्धा में अन्य देशों से आगे रहने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कार्यबल की गतिविधियां निकट भविष्य में अमेरिकी टेक उद्योग में बदलाव ला सकती हैं।




