सुबह तेजी, शाम को गिरावट: सोना ₹1,900 और चांदी ₹3,500 तक टूटी, क्या निवेश का सही मौका?

मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच शुक्रवार को सर्राफा बाजार में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। सुबह के कारोबार में सोना और चांदी तेज़ी के साथ खुले, लेकिन दिन ढलते-ढलते बाजार में अचानक मुनाफावसूली बढ़ गई और कीमतों में तेज गिरावट दर्ज की गई। दिन के अंत तक सोना करीब ₹1,900 तक सस्ता हो गया, जबकि चांदी की कीमतों में लगभग ₹3,500 की गिरावट दर्ज की गई।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और निवेशकों की रणनीति में बदलाव के कारण कीमतों में यह अस्थिरता देखने को मिल रही है। हालांकि लंबे समय के निवेशकों के लिए यह गिरावट खरीदारी का मौका भी साबित हो सकती है।
दिनभर में क्यों आया इतना उतार-चढ़ाव?
शुक्रवार को बाजार खुलते ही सोने-चांदी में तेजी देखने को मिली। इसका मुख्य कारण मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण सुरक्षित निवेश की मांग बढ़ना था। आमतौर पर जब दुनिया में राजनीतिक या सैन्य तनाव बढ़ता है, तो निवेशक जोखिम भरे निवेश से निकलकर सोने जैसी सुरक्षित परिसंपत्तियों की ओर रुख करते हैं।
लेकिन दिन के दूसरे हिस्से में तस्वीर बदल गई। हाल के दिनों में सोने-चांदी की कीमतें काफी तेजी से बढ़ी थीं, इसलिए कई बड़े निवेशकों और ट्रेडर्स ने मुनाफावसूली शुरू कर दी। जैसे ही बाजार में बिकवाली बढ़ी, कीमतें तेजी से नीचे आ गईं।
IBJA के मुताबिक क्या हैं सोने के ताजा दाम?
इंडिया बुलियन ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार शुक्रवार शाम 5 बजे के आसपास सोने की कीमतों में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई।
24 कैरेट सोना लगभग ₹1,835 गिरकर ₹1,58,751 प्रति 10 ग्राम पर आ गया।
22 कैरेट सोना ₹1,45,416 प्रति 10 ग्राम के स्तर पर पहुंच गया।
18 कैरेट सोना ₹1,19,063 प्रति 10 ग्राम पर दर्ज किया गया।
यह गिरावट उन निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण है जो लंबे समय से सोने में निवेश करने का इंतजार कर रहे थे।
चांदी की कीमतों में भी बड़ी गिरावट
सोने के साथ-साथ चांदी में भी शुक्रवार को तेज गिरावट दर्ज की गई। दिनभर के कारोबार में चांदी लगभग ₹3,489 टूटकर ₹2,60,723 प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंच गई।
इससे पहले पिछले कारोबारी सत्र में चांदी की कीमत ₹2,64,212 प्रति किलोग्राम के आसपास थी। यानी एक ही दिन में चांदी में करीब ₹3,500 की गिरावट दर्ज की गई।
चांदी की कीमतों में यह गिरावट भी काफी हद तक मुनाफावसूली और वैश्विक बाजारों के उतार-चढ़ाव का परिणाम मानी जा रही है।
अलग-अलग शहरों में क्या हैं सोने के भाव?
देश के प्रमुख शहरों में सोने और चांदी की कीमतों में हल्का-फुल्का अंतर देखने को मिलता है। यह अंतर टैक्स, ट्रांसपोर्ट और स्थानीय मांग के आधार पर होता है।
नई दिल्ली में 24 कैरेट सोना लगभग ₹1,59,590 प्रति 10 ग्राम के स्तर पर रहा, जबकि 22 कैरेट सोना ₹1,46,291 के आसपास दर्ज किया गया।
मुंबई में 24 कैरेट सोना ₹1,59,860 प्रति 10 ग्राम रहा।
जयपुर, पटना, कानपुर और लखनऊ जैसे शहरों में भी सोने की कीमत लगभग इसी दायरे में रही।
चांदी की कीमत लगभग सभी शहरों में ₹2.60 लाख से ₹2.61 लाख प्रति किलोग्राम के बीच रही।
अंतरराष्ट्रीय बाजार का असर
वैश्विक बाजारों में सोने और चांदी की कीमतें अभी भी मजबूत बनी हुई हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर सोना लगभग 0.29 प्रतिशत की बढ़त के साथ 5,095 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर कारोबार कर रहा था।
वहीं चांदी की कीमत में भी करीब 1.4 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई और यह लगभग 83 डॉलर प्रति औंस के स्तर तक पहुंच गई।
इससे साफ है कि वैश्विक स्तर पर अभी भी सोने-चांदी की मांग मजबूत बनी हुई है।
विशेषज्ञों की क्या राय?
लेमन मार्केट्स डेस्क के शोध विश्लेषक गौरव गर्ग के अनुसार शुक्रवार को सोने और चांदी में जो तेज उतार-चढ़ाव देखने को मिला, उसके पीछे मुख्य कारण पश्चिम एशिया में बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव है।
उनका कहना है कि ऐसे हालात में निवेशक सोने को सुरक्षित निवेश के रूप में देखते हैं, जिससे कीमतों को समर्थन मिलता है। हालांकि जब कीमतें तेजी से बढ़ जाती हैं तो बाजार में मुनाफावसूली शुरू हो जाती है, जिससे गिरावट भी देखने को मिलती है।
क्या अभी खरीदना सही रहेगा?
विशेषज्ञों का मानना है कि लंबी अवधि के निवेशकों के लिए सोने-चांदी में हर गिरावट एक अवसर हो सकती है। हालांकि छोटी अवधि में बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।
अगर वैश्विक तनाव बना रहता है तो आने वाले समय में सोने और चांदी की कीमतों में फिर से तेजी देखने को मिल सकती है।



