खाद की कालाबाजारी पर सीएम योगी सख्त, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश

लखनऊ। संवाददाता – सब तक एक्सप्रेस
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में उर्वरक की उपलब्धता और वितरण को लेकर सख्त रुख अपनाया है। सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि जिलों में खाद की लगातार मॉनिटरिंग की जाए ताकि किसानों को किसी भी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की कोई कमी नहीं है और किसानों को आवश्यकतानुसार खाद उपलब्ध कराया जा रहा है।
सीएम योगी ने किसानों से अपील की कि वे जरूरत से अधिक खाद का भंडारण न करें। आवश्यकता पड़ने पर हर समय पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध है। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि उर्वरक की ओवररेटिंग या कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिलों के अधिकारियों को नियमित निरीक्षण, किसानों से संवाद और समस्याओं का त्वरित निस्तारण करने का निर्देश दिया गया है।
कृषि विभाग का दावा – खाद की कोई कमी नहीं
कृषि विभाग के अनुसार, खरीफ सत्र 2024 में अब तक 42.64 लाख मीट्रिक टन उर्वरक की बिक्री की जा चुकी है, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि तक यह बिक्री 36.76 लाख मीट्रिक टन रही थी। इस वर्ष खाद का वितरण पिछले साल से अधिक हुआ है।
- यूरिया: इस वर्ष अब तक 31.62 लाख मीट्रिक टन वितरण, जबकि गत वर्ष 27.25 लाख मीट्रिक टन।
- डीएपी: इस वर्ष 5.38 लाख मीट्रिक टन, जबकि पिछले वर्ष 5.28 लाख मीट्रिक टन।
- एनपीके: इस वर्ष 2.39 लाख मीट्रिक टन, पिछले वर्ष 2.07 लाख मीट्रिक टन।
- एमओपी: इस वर्ष 0.46 लाख मीट्रिक टन, जबकि पिछले वर्ष 0.25 लाख मीट्रिक टन।
- एसएसपी: इस वर्ष 2.79 लाख मीट्रिक टन, पिछले वर्ष 1.91 लाख मीट्रिक टन।
खाद की उपलब्धता (18 अगस्त तक)
- यूरिया: 37.70 लाख मीट्रिक टन उपलब्ध, 31.62 लाख मीट्रिक टन की खरीद।
- डीएपी: 9.25 लाख मीट्रिक टन उपलब्ध, 5.38 लाख मीट्रिक टन की खरीद।
- एनपीके: 5.40 लाख मीट्रिक टन उपलब्ध, 2.39 लाख मीट्रिक टन की खरीद।
कृषि विभाग ने बताया कि धान की टॉप-ड्रेसिंग के लिए प्रतिदिन औसतन 49,564 मीट्रिक टन यूरिया की खपत हो रही है। पिछले वर्ष की तुलना में इस बार 16.04% यानी 4.37 लाख मीट्रिक टन अधिक यूरिया की बिक्री हुई है।