
सब तक एक्सप्रेस
ब्यूरो चीफ – उमरिया | राहुल शीतलानी
बांग्लादेश में एक हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की निर्मम हत्या की घटना को लेकर भारत में हिंदू समाज के युवाओं में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। इस अमानवीय घटना के विरोध में मंगलवार को उमरिया जिले के बिरसिंहपुर पाली स्थित एमपीईबी हॉस्पिटल चौराहा पर कैंडल जलाकर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया।
श्रद्धांजलि कार्यक्रम का नेतृत्व जिले के युवा समाजसेवी हिमांशू द्विवेदी ने अपने सहयोगियों के साथ किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में हिंदू समाज के लोग उपस्थित रहे और मृत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई।
इस दौरान उपस्थित लोगों ने
“हिंदुत्व पर अत्याचार बंद हो”,
“हिंदू एकता जिंदाबाद”,
“बांग्लादेश में हिंदुओं पर शोषण-अत्याचार बंद हो”,
“मानवता और इंसानियत को जिंदा करो”
जैसे नारे लगाकर विरोध दर्ज कराया।
हिंदू धर्म की रक्षा प्रत्येक हिंदू का कर्तव्य : हिमांशू द्विवेदी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए युवा समाजसेवी हिमांशू द्विवेदी ने कहा कि बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या की घटना मानवता को शर्मसार करने वाली है। उन्होंने कहा कि “धर्मो रक्षति रक्षितः” के सिद्धांत के अनुसार जो धर्म की रक्षा करता है, धर्म उसकी रक्षा करता है। वर्तमान समय में धर्म की रक्षा केवल आस्था तक सीमित नहीं, बल्कि अन्याय और अत्याचार के खिलाफ खड़े होने से भी जुड़ी है।
उन्होंने कहा कि हिंदू समाज को अपने धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए संवैधानिक और वैध तरीकों से एकजुट होकर आवाज उठानी होगी।
श्रद्धांजलि सभा शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुई, जिसमें सभी ने पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।



