
विशेष संवाददाता – शैलेन्द्र यादव, सब तक एक्सप्रेस
सीतापुर। प्रदेश को वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था के लक्ष्य तक पहुँचाने के लिए सीतापुर में गुरुवार को विकास भवन सभागार में महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी डॉ. राजागणपति आर ने की।
जिलाधिकारी ने सभी विभागों को निर्देशित किया कि वे शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार अपने-अपने क्षेत्रों में प्रभावी और समयबद्ध कार्यवाही सुनिश्चित करें। उन्होंने प्राथमिक, द्वितीयक और तृतीयक क्षेत्रों से जुड़े डाटा की विस्तार से समीक्षा की और कहा कि सभी विभाग अपने आंकड़े पूरी शुद्धता के साथ प्रस्तुत करें।
धीमी प्रगति वाले विभागों को निर्देश
डीएम ने उन विभागों को विशेष रूप से सुधार के निर्देश दिए जिनकी प्रगति अपेक्षित स्तर पर नहीं है। उन्होंने मखाना उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार करने को कहा। इसके साथ ही केले के विभिन्न भागों से उपयोगी वस्तुएं बनाने संबंधी प्रशिक्षण की योजना भी तैयार करने के निर्देश दिए।
महिला स्वयं सहायता समूहों पर विशेष जोर
जिलाधिकारी ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को प्रशिक्षित कर आर्थिक रूप से सशक्त बनाना अत्यंत आवश्यक है। इसके लिए विभागों को समन्वित प्रयास करते हुए प्रशिक्षण और उत्पादन से जुड़े कार्यक्रमों को गति देने के निर्देश दिए।
वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था में इन क्षेत्रों की मुख्य भूमिका
डीएम ने कहा कि प्रदेश को वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था तक पहुँचाने में निवेश संवर्धन, आधारभूत संरचना विकास, पर्यटन, सांस्कृतिक विरासत, विशेष निवेश क्षेत्र, विनिर्माण, सूचना प्रौद्योगिकी, स्टार्टअप और कृषि क्षेत्रों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने सभी विभागों को योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन और सही डाटा संकलन सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक के दौरान जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी ने विभिन्न विभागों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुरेश कुमार, जिला विकास अधिकारी संतोष नारायण गुप्ता, उप कृषि निदेशक श्रवण कुमार, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अखिलेश प्रताप सिंह, जिला विद्यालय निरीक्षक राजेंद्र सिंह, जिला गन्ना अधिकारी रत्नेश्वर त्रिपाठी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।



