सिंगरेनी ने रामप्पा मंदिर की सुरक्षा को लेकर खनन पर लगाई गलत धारणा को ठहराया निराधार

सिंगरेनी कोलियरीज कंपनी लिमिटेड (SCCL) ने सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 को स्पष्ट किया कि तेलंगाना के मुलुगु जिले में विश्व धरोहर स्थल रामप्पा मंदिर के पास खनन गतिविधियां खतरा नहीं हैं। SCCL ने कहा कि उनके खिलाफ जो भी रिपोर्ट आई हैं, वे गलतफहमी पर आधारित हैं और पूरी तरह से असत्य हैं।
वैज्ञानिक अध्ययन के बाद ही आगे बढ़ेगा प्रोजेक्ट
सिंगरेनी कंपनी ने मुलुगु जिले के वेंकटापुर में प्रस्तावित वेंकटापुर ओपन कास्ट परियोजना के संबंध में सूचना दी कि इस योजना को केवल एक व्यापक वैज्ञानिक अध्ययन के बाद ही लागू किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि आगे की कार्रवाई केवल पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग (ASI) और अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों द्वारा प्रस्तुत वैज्ञानिक रिपोर्टों के आधार पर ही की जाएगी।
सरकारी क्षेत्र की इस कोयला कंपनी ने यह सुनिश्चित किया कि रामप्पा मंदिर, जो यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल है, को किसी भी प्रकार का नुकसान नहीं होगा। कंपनी ने पर्यावरणीय रूप से टिकाऊ और कानूनी रूप से स्वीकृत खनन संचालन को अपनी शीर्ष प्राथमिकता बताया।
रामप्पा मंदिर की सुरक्षा को लेकर प्रतिबद्धता
सिंगरेनी का कहना है कि वे तेलंगाना सरकार के एक जिम्मेदार PSU के रूप में रामप्पा मंदिर की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। कंपनी यह स्पष्ट कर चुकी है कि उनकी खनन गतिविधियां मंदिर के संरक्षण और उसके आस-पास के पर्यावरण के लिए पूरी तरह सुरक्षित होंगी।
सिंगरेनी के प्रबंधन ने बताया कि किसी भी गलत सूचना को लेकर जनता में भ्रम न फैले इसलिए वे समय-समय पर स्थिति से अवगत कराते रहेंगे। उन्होंने समझाया कि खनन का क्षेत्र मंदिर से दूर है और पार्केट उपाय अपनाए जाएंगे ताकि वहां कोई प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।
इस परियोजना पर एससीसीएल ने कहा कि वे पर्यावरण और सांस्कृतिक धरोहर की रक्षा के लिए कई स्तरों पर समीक्षा एवं निगरानी प्रक्रियाएं लागू करेंगे। वे चाहते हैं कि विकास और संरक्षण दोनों संतुलित ढंग से हों ताकि स्थानीय समुदाय और भविष्य की पीढ़ियां लाभान्वित हों।
मुलुगु जिले में यह खनन प्रोजेक्ट क्षेत्र में रोजगार और आर्थिक विकास का स्रोत भी साबित होगा। कंपनी ने यह आश्वासन दिया कि परियोजना के दौरान सभी नियमों और पर्यावरण मानकों का पूरी तरह पालन किया जाएगा। इसके लिए विशेषज्ञों की सहायता ली जाएगी और नियमित तौर पर जांच की जाएगी।
कुल मिलाकर, सिंगरेनी कोलियरीज ने रामप्पा मंदिर की सुरक्षा के प्रति अपनी जिम्मेदारी दोहराई है और भरोसा दिलाया है कि कोई भी खनन गतिविधि इस महत्वपूर्ण सांस्कृतिक स्थल को नुकसान नहीं पहुंचाएगी। वे लोगों से अपील करते हैं कि वे तथ्यों को समझें और किसी भी गलत सूचना पर ध्यान न दें।




