असम में 1.85 लाख स्नातक छात्रों के लिए बिना शुल्क प्रवेश: मुख्यमंत्री

गुवाहाटी, असम | 27 जून 2024
असम के मुख्यमंत्री हेमंता बिस्वा सरमा ने कहा है कि सरकार की शुल्कमुक्ति योजना से शिक्षा में निरंतरता बनी हुई है और छात्रों को अपने शैक्षणिक सपनों को पूरा करने में मदद मिल रही है। इस योजना के तहत लगभग 1.85 लाख स्नातक छात्र बिना किसी शुल्क के प्रवेश ले पा रहे हैं, जिससे शिक्षा की पहुंच अधिक व्यापक और समावेशी बनी है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि यह योजना विशेष रूप से उन छात्रों के लिए है जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं और उच्च शिक्षा प्राप्त करने में असमर्थता का सामना कर रहे हैं। इस पहल के माध्यम से सरकार न केवल छात्रों की वित्तीय बाधाओं को दूर कर रही है, बल्कि उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा भी उपलब्ध करा रही है।
सरकार के इस कदम को शिक्षाविदों और अभिभावकों ने काफी सराहा है। कई छात्रों ने भी अपनी खुशी जताई है कि अब शिक्षा के प्रति उनकी चिंता कम हो गई है क्योंकि शुल्क को लेकर अनिश्चितता दूर हो गई है। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि सरकार लगातार इस योजना का विस्तार करने की प्रतिबद्धता रखती है ताकि किसी भी छात्र को शिक्षा से वंचित न रहना पड़े।
शुल्कमुक्ति योजना की सफलता में शैक्षिक संस्थानों की भूमिका भी अहम रही है, जिन्होंने इस कार्यक्रम को सफलतापूर्वक लागू किया। राज्य सरकार का मानना है कि शिक्षा ही एक मजबूत और समर्थ समाज की नींव है, इसलिए इसके लिए कार्य करना अत्यंत आवश्यक है।
असम में इस योजना के तहत लाभान्वित छात्रों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे राज्य की उच्च शिक्षा प्रणाली और अधिक समावेशी और संवेदनशील बन रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार हर छात्र तक इस योजना की जानकारी पहुंचाने के लिए विभिन्न अभियानों की भी शुरुआत कर रही है ताकि सभी योग्य छात्र इसका लाभ उठा सकें।
इस पहल के परिणामस्वरूप असम की शिक्षा क्षेत्र में सुधार हो रहा है, और युवा वर्ग में शिक्षा के प्रति नई ऊर्जा जागृत हो रही है। सीएम हेमंता बिस्वा सरमा ने देशभर के अन्य राज्यों को भी इस मॉडल को अपनाने की सलाह दी है ताकि पूरे देश में शिक्षा का समान अधिकार सुनिश्चित किया जा सके।



