NTA Security Tender: NEET विवाद के बाद परीक्षा सुरक्षा होगी हाईटेक, 24 घंटे निगरानी के लिए ₹7.5 करोड़ का प्लान

नई दिल्ली: NEET-UG पेपर लीक मामले के बाद परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर उठे सवालों के बीच नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने सुरक्षा व्यवस्था को पूरी तरह मजबूत करने की तैयारी शुरू कर दी है। एजेंसी ने करीब 7.5 करोड़ रुपये का टेंडर जारी किया है, जिसके तहत मुख्यालय, क्षेत्रीय कार्यालयों और परीक्षा से जुड़ी गोपनीय सामग्री की 24×7 सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।
NTA की योजना के अनुसार, परीक्षा प्रश्नपत्रों की प्रिंटिंग से लेकर उनके भंडारण, रिकॉर्ड प्रबंधन और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर तक हर संवेदनशील प्रक्रिया पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। इसके लिए अत्याधुनिक सुरक्षा उपकरणों और प्रशिक्षित सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की जाएगी।
टेंडर के अनुसार, चयनित एजेंसी को शुरुआती दो वर्षों के लिए नियुक्त किया जाएगा और आवश्यकता पड़ने पर अनुबंध को दो बार एक-एक वर्ष के लिए बढ़ाया जा सकेगा। एजेंसी को सर्वर रूम, स्ट्रॉन्ग रूम, रिकॉर्ड रूम, वेयरहाउस, कर्मचारियों और आगंतुकों की सुरक्षा के साथ-साथ प्रवेश-निकास की निगरानी भी करनी होगी।
सुरक्षा व्यवस्था को आधुनिक बनाने के लिए मेटल डिटेक्टर, जीपीएस आधारित गार्ड पेट्रोलिंग, बायोमेट्रिक अटेंडेंस और डिजिटल इंसिडेंट रिपोर्टिंग सिस्टम का उपयोग किया जाएगा। इससे हर गतिविधि का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार होगा और सुरक्षा व्यवस्था अधिक पारदर्शी बनेगी।
इस बार NTA ने एजेंसी के चयन के लिए QCBS मॉडल अपनाया है, जिसमें तकनीकी क्षमता को अधिक महत्व दिया जाएगा। केवल अनुभवी और योग्य एजेंसियों को ही यह जिम्मेदारी मिलेगी। आवेदन करने वाली एजेंसी के पास कम से कम 5 वर्ष का अनुभव और 10 करोड़ रुपये का औसत वार्षिक कारोबार होना अनिवार्य है।
विशेषज्ञों का मानना है कि NTA का यह कदम भविष्य में पेपर लीक जैसी घटनाओं को रोकने, परीक्षा प्रक्रिया को सुरक्षित बनाने और लाखों अभ्यर्थियों का भरोसा दोबारा मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हो सकता है।



