बाइंडमिंटन खेल के कुछ क्षणों बाद कार्डियक अरेस्ट से केरल के प्रवासी की मौत, शिकायत की थी बांह में दर्द

दुबई, यूएई: केरल के एक प्रवासी की दुबई में बाइंडमिंटन खेल के दौरान अचानक कार्डियक अरेस्ट से मौत हो गई। मृतक ने खेल खत्म होने के तुरंत बाद अपनी बांह में तेज दर्द की शिकायत की थी, जिसके कुछ ही मिनटों बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई और उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
जानकारी के अनुसार, मृतक ने बाइंडमिंटन की एक मैच समाप्त होने के बाद बांह में दर्द की शिकायत की। साथ मौजूद साथियों ने उन्हें तुरंत विश्राम करने के लिए कहा। लेकिन कुछ मिनटों बाद उनकी हालत अचानक खराब हो गई। राहत कार्यकर्ताओं को सूचित किया गया, जिन्होंने तुरंत प्राथमिक चिकित्सा प्रदान की। इसके बाद उन्हें पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों ने कार्डियक अरेस्ट को कारण बताया।
प्रवासी की पहचान 45 वर्षीय राजेश कुमार के रूप में हुई है, जो पिछले पांच वर्षों से दुबई में नौकरी कर रहे थे। राजेश पहले से ही हृदय रोग के इलाज में थे। परिवार के सदस्यों ने बताया कि उन्हें किसी भी तरह की गंभीर स्वास्थ्य समस्या की जानकारी नहीं थी, हालांकि उन्होंने कभी भी पुरानी बीमारियों को लेकर कोई शिकायत नहीं की थी।
स्थानीय पुलिस और स्वास्थ्य अधिकारियों ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि अचानक मौत के पीछे किसी प्रकार के अप्राकृतिक कारणों की संभावना नहीं है और प्रাথমিক जांच से स्पष्ट होता है कि मृतक को कार्डियक अरेस्ट हुआ था।
केरल में राजेश के परिवार में उनकी पत्नी और एक बेटा हैं। परिवार ने दुबई में हुई इस अप्रत्याशित दुखद घटना पर गहरा शोक प्रकट किया है। विदेश मंत्रालय से भी संपर्क किया जा रहा है ताकि शव को सुरक्षित रूप से भारत भेजा जा सके।
प्रवासी संगठन और समुदाय के लोग भी इस घटना पर गहरा दुख प्रकट कर रहे हैं और सभी से अपील कर रहे हैं कि वे अपने स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें, खासकर जब वे खेल जैसी शारीरिक गतिविधियों में संलग्न हों।
विशेषज्ञों का मानना है कि खेल के दौरान यदि किसी भी व्यक्ति को बांह या छाती में असामान्य दर्द महसूस होता है, तो इसे अनदेखा नहीं करना चाहिए और तुरंत चिकित्सा सहायता लेनी चाहिए। कार्डियक अरेस्ट के समय तुरंत चिकित्सा हस्तक्षेप न होने पर जीवन के लिए खतरा बढ़ जाता है।
यह दुखद घटना एक चेतावनी के रूप में सामने आई है कि स्वास्थ्य समस्याओं के प्रति सजग रहने और आवश्यक बचाव उपाय करने की आवश्यकता है, विशेषकर प्रवासी जीवन में जहां व्यस्तता के कारण स्वास्थय को अक्सर नजरअंदाज किया जाता है।



