सोनभद्र में खाद किल्लत पर प्रशासन सख्त, यूरिया-DAP का वास्तविक स्टॉक जारी; कालाबाजारी रोकने को हेल्पलाइन नंबर जारी
किसानों से निर्धारित मूल्य पर ही खाद खरीदने की अपील, ओवररेटिंग और जमाखोरी की शिकायत पर होगी तत्काल कार्रवाई

सोनभद्र | ब्यूरो रिपोर्ट: सतीश पाण्डेय, सब तक एक्सप्रेस
खरीफ सीजन के बीच सोनभद्र में खाद की किल्लत और ओवररेटिंग को लेकर हुए विरोध-प्रदर्शनों के बाद जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला स्तरीय उर्वरक निगरानी समिति की संस्तुति के बाद जनपद में उपलब्ध यूरिया और डीएपी उर्वरक का वास्तविक स्टॉक सार्वजनिक कर दिया गया है।
प्रशासन के अनुसार, जनपद की 70 सहकारी समितियों के लिए 1017 मीट्रिक टन यूरिया तथा 73 सहकारी समितियों और इफको के 12 केंद्रों के लिए कुल 1155 मीट्रिक टन डीएपी का आवंटन किया गया है। सभी बिक्री केंद्रों पर पीसीएफ के माध्यम से खाद पहुंचाने का कार्य तेज कर दिया गया है।
यह कार्रवाई जिले के विभिन्न क्षेत्रों में खाद की कमी को लेकर किसानों के प्रदर्शन के बाद की गई है। हाल के दिनों में बभनी के आसनडीह, चैनपुर लैंपस और रॉबर्ट्सगंज सहित कई क्षेत्रों में किसानों ने खाद न मिलने पर प्रदर्शन और चक्का जाम किया था। वहीं कुछ निजी केंद्रों पर निर्धारित मूल्य से अधिक कीमत वसूलने और किसानों को जबरन अन्य उत्पाद खरीदने के लिए मजबूर करने की शिकायतें भी सामने आई थीं।
जिले में धान, मक्का और अरहर जैसी खरीफ फसलों के लिए समय पर यूरिया उपलब्ध होना बेहद जरूरी माना जाता है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार शुरुआती अवस्था में खाद नहीं मिलने से फसलों की पैदावार पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है।
जिलाधिकारी ने किसानों से अपील की है कि वे केवल निर्धारित सरकारी दर पर ही खाद खरीदें। यदि कोई विक्रेता ओवररेटिंग करता है, कृत्रिम अभाव पैदा करता है या कालाबाजारी में शामिल पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
शिकायत दर्ज कराने के लिए प्रशासन ने सहकारिता विभाग के कंट्रोल रूम के मोबाइल नंबर 9198788248 और 9451637073 जारी किए हैं। इसके अलावा किसान जिला कृषि अधिकारी कार्यालय – 9452165778 तथा अपर जिला कृषि अधिकारी – 8881173660 पर भी अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। प्रशासन का कहना है कि प्रत्येक शिकायत की तत्काल जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।



