
ब्यूरो रिपोर्ट, सब तक एक्सप्रेस
राहुल शीतलानी, उमरिया
उमरिया। भारतीय जनता पार्टी के निवर्तमान जिला अध्यक्ष दिलीप पांडे ने कहा है कि सोमनाथ स्वाभिमान महापर्व केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भारत की अखंडता, सांस्कृतिक अस्मिता और राष्ट्रीय स्वाभिमान का प्रतीक है। सोमनाथ मंदिर भारत की आस्था और पहचान का केंद्र है, जो हमारी प्राचीन संस्कृति, आध्यात्मिक चेतना और सभ्यता का अटल प्रतिबिंब प्रस्तुत करता है।
उन्होंने कहा कि इतिहास में औरंगजेब द्वारा सोमनाथ मंदिर को खंडित किया जाना केवल एक मंदिर का विध्वंस नहीं था, बल्कि वह भारत की आत्मा पर किया गया आघात था। किंतु सरदार वल्लभभाई पटेल के प्रयासों से सोमनाथ का पुनर्निर्माण पूरे राष्ट्र के लिए प्रेरणा का स्रोत बना।
दिलीप पांडे ने कहा कि आज देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा सोमनाथ स्वाभिमान महापर्व को जिस भव्यता और भावनात्मक जुड़ाव के साथ मनाया जा रहा है, वह प्रत्येक भारतीय के लिए गर्व का विषय है। यह पर्व हमें अपनी सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण और धार्मिक स्थलों के सम्मान की जिम्मेदारी का बोध कराता है।
उन्होंने जिले के समस्त कार्यकर्ताओं और नागरिकों से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्र के देवालयों में जाकर इस महापर्व में सहभागिता करें, पूजन-अर्चन करें और समाज में समरसता एवं एकता का संदेश दें।
श्री पांडे ने कहा कि आध्यात्म और आस्था भारतीय संस्कृति की मूल विशेषता रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विचारों और पदचिन्हों से प्रेरणा लेकर हम सभी को देश को वैभवशाली और सशक्त बनाने में योगदान देना चाहिए।
उन्होंने यह भी कहा कि सोमनाथ स्वाभिमान महापर्व केवल गुजरात के सोमनाथ क्षेत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे भारत के सभी देवालयों और श्रद्धा के केंद्रों के सम्मान और स्वाभिमान को समर्पित पर्व है।



