देश को आगे बढ़ाने के लिए तैयार रहें, लोकसभा अध्यक्ष ने युवाओं से की अपील

नई दिल्ली, भारत
लोकसभा अध्यक्ष ने युवाओं से देशहित को अपने हर प्रयास में सर्वोपरि रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि ‘नेशन फर्स्ट’ यानी ‘देश पहले’ के भाव को युवाओं के दिलो-दिमाग में स्थायीत्व प्रदान करना अत्यंत आवश्यक है, जिससे वे अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों को बेहतर तरीके से निभा सकें।
लोकसभा अध्यक्ष ने यह बात हाल ही में एक राष्ट्रीय युवा सम्मेलन के दौरान कही। उन्होंने युवाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि वे न केवल अपने व्यक्तिगत लक्ष्यों की पूर्ति में लगे रहें, बल्कि समाज और राष्ट्र के विकास के लिए भी निरंतर प्रयासरत रहें। उन्होंने कहा, “हमारा भविष्य हमारी युवाओं के हाथों में है। यदि वे देशप्रेम की भावना से प्रेरित होकर कार्य करेंगे, तो कोई भी चुनौती असंभव नहीं।”
उन्होंने युवाओं को स्पष्ट संदेश दिया कि केवल व्यक्तिगत सफलता ही प्रमुख नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि ऐसे समय में जब विश्व बदल रहा है, तकनीकी प्रगति के साथ-साथ सामाजिक बदलाव भी तेजी से हो रहे हैं, युवाओं को अपने कर्तव्यों के प्रति सजग रहना होगा। उन्होंने ‘राष्ट्रीय एकता’ और ‘साझा सहयोग’ पर भी जोर दिया।
लोकसभा अध्यक्ष ने युवाओं से अपील की कि वे शिक्षा, स्वरोजगार, पर्यावरण संरक्षण, और समाज सेवा जैसे क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि देश को आगे बढ़ाने का सबसे मजबूत स्तंभ युवा शक्ति होती है, जो निर्धारित कर सकती है कि भारत विश्व मंच पर किस स्थान पर होगा।
इस अवसर पर उन्होंने कहा, “हर युवा को अपने व्यवहार, सोच, और कार्यों में देशभक्ति की भावना का द्योतक बनना चाहिए। बिना देश के विकास के कोई व्यक्तिगत विकास संभव नहीं।” उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि युवा अपने प्रयासों से न केवल आर्थिक बल्कि सांस्कृतिक और सामाजिक मोर्चों पर भी योगदान दें।
अंत में लोकसभा अध्यक्ष ने युवाओं को प्रेरक शब्दों में कहा कि वे देश को प्रगति के पथ पर आगे ले जाने के लिए स्वयं को तैयार करें और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझें। उन्होंने यह उम्मीद जताई कि युवा शक्ति देश को नई उचाईयों तक पहुंचाएगी और एक मजबूत, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में अहम भूमिका निभाएगी।

