बॉलीवुड में बढ़ा वर्कर्स का संकट, FWICE अध्यक्ष बोले- ‘हालात नहीं सुधरे तो इंडस्ट्री खत्म हो जाएगी’

मुंबई: Federation of Western India Cine Employees के अध्यक्ष बीएन तिवारी ने हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के मौजूदा हालात पर चिंता जताते हुए बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि कैमरे के पीछे काम करने वाले कर्मचारियों का शोषण लगातार बढ़ रहा है और अगर यही स्थिति बनी रही तो बॉलीवुड का भविष्य खतरे में पड़ सकता है।
ANI को दिए इंटरव्यू में तिवारी ने बताया कि OTT प्लेटफॉर्म्स के बढ़ते दबाव और तेजी से कंटेंट बनाने की होड़ ने सबसे ज्यादा नुकसान छोटे कर्मचारियों को पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि प्रोडक्शन हाउस आउटपुट बढ़ाने में लगे हैं, लेकिन कर्मचारियों की सुविधाओं और भुगतान को नजरअंदाज किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि स्पॉट बॉय, लाइटमैन, सेट डिजाइनर और जूनियर कलाकारों को कई बार 18 से 20 घंटे तक लगातार काम करना पड़ता है। इसके बावजूद उन्हें तय समय पर सैलरी नहीं मिलती।
बीएन तिवारी ने कहा, “बड़े कलाकार अपनी शर्तों पर काम करते हैं, लेकिन छोटे कर्मचारियों की कोई सुनवाई नहीं होती। मजबूरी में लोग कम पैसों पर भी काम कर रहे हैं, क्योंकि उन्हें घर चलाना है।”
उन्होंने यह भी कहा कि कई OTT प्रोजेक्ट्स में पेमेंट में काफी देरी होती है। कई बार एक महीने बाद तक भुगतान नहीं होता और उस दौरान निर्माता या कंपनी से संपर्क करना भी मुश्किल हो जाता है।
FWICE अध्यक्ष के इस बयान के बाद बॉलीवुड में काम करने वाले कर्मचारियों की स्थिति पर फिर बहस शुरू हो गई है।



