प्राचीन मंदिर को बचाने की मांग तेज, विधायक ने डीएम से की वार्ता
ग्रामीणों के विरोध के बीच ध्वस्तीकरण पर रोक की उठी मांग, सोमवार को होगी सुनवाई

संवाददाता: बृजेन्द्र मौर्य
फतेहपुर। चौडगरा-शिवराजपुर मार्ग स्थित प्राचीन मंदिर को हटाने के प्रस्ताव को लेकर विवाद गहरा गया है। मंदिर को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। गुरुवार को जब नायब तहसीलदार और पीडब्ल्यूडी की टीम मौके पर पहुंची, तो ग्रामीणों ने विरोध जताते हुए टीम को बैरंग लौटा दिया।
शुक्रवार को मामले की जानकारी मिलने पर क्षेत्रीय विधायक जयकुमार सिंह ‘जैकी’ मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों और मंदिर के भक्तों ने उन्हें स्थिति से अवगत कराते हुए मंदिर को सुरक्षित रखने की मांग की। मंदिर के अनन्य भक्त राजेश गुप्ता ने विधायक को ज्ञापन सौंपकर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई पर रोक लगाने की अपील की।

ग्रामीणों का कहना है कि यह मंदिर वर्षों पुराना आस्था का केंद्र है, जहां भगवान शिव, माता दुर्गा और हनुमान जी सहित कई देवी-देवताओं की मूर्तियां स्थापित हैं। मंदिर परिसर में एक प्राचीन कुआं भी मौजूद है और यह मार्ग गंगा स्नान के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं का प्रमुख रास्ता माना जाता है।
बताया जा रहा है कि मंदिर के पीछे साईं गांव निवासी कौशल किशोर मौर्य का प्लॉट है, जहां पहुंचने के लिए रास्ता नहीं है, जिससे विवाद की स्थिति उत्पन्न हुई है। विधायक ने मौके से ही जिलाधिकारी से फोन पर वार्ता कर मंदिर को यथावत रखने और संबंधित व्यक्ति को वैकल्पिक रास्ता उपलब्ध कराने का सुझाव दिया।
जिलाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए दोनों पक्षों को सोमवार सुबह 10 बजे सुनवाई के लिए बुलाया है।



